आंगनबाड़ी कार्यकर्ता पर अपराध दर्ज…परित्यक्ता का बनवाया फर्जी प्रमाण…कलेक्टर आदेश पर सरस्वती यादव बर्खास्त
फर्जी प्रमाण पत्र पर जांच आदेश...सचिव ने किया हस्ताक्षर होने से इंकार

बिलासपुर—परित्यक्ता के फर्जी प्रमाण पत्र से नौकरी कर रही आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को परियोजना अधिकारी ने बर्खास्त कर दिया है। मामला कोटा ब्लॉक के आंगनबाड़ी केन्द्र जरगाडीह का है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सरस्वती यादव को बर्खास्त करने से पहले शिकायत पर कलेक्टर ने जांच का आदेश दिया था। शिकायत सही पाए जाने पर कलेक्टर आदेश पर एकीकृत बाल विकास परियोजना अधिकारी कोटा ने सावित्री यादव की सेवा को समाप्त कर दिया है।
एकीकृत बाल विकास परियोजना कोटा परियोजना अधिकारी ने बताया कि जरगाडीह आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के पद पर फर्जी परित्यकता प्रमाण पत्र पर सरस्वती यादव ने आवेदन दिया था। प्रमाण पत्र पर सरपंच और सचिव के हस्ताक्षर भी हैं। नियुक्ति को लेकर लोगों से शिकायत मिली। कलेक्टर आदेश पर मामले में जांच पडताल किया गया।
गांव के लोगों ने बताया कि महिला अभी भी पति और 3 माह के बच्चे के साथ रहती है। सचिव ने बयान दिया कि परित्यक्ता प्रमाण पत्र पर उसका हस्ताक्षरभी नहीं है।तथ्यों की जांच करने के बाद परियोजना स्तरीय मूल्यांकन समिति ने 13 दिसंबर 2024 को अनुमोदन पर सरस्वती यादव को आंगनबाड़ी कार्यकर्ता केन्द्र जरगाडीह के पद से बर्खास्त किया गया है। इसके अलावा फर्जी दस्तावेज पेश कर नौकरी हासिल करने के जुर्म में सरस्वती यादव के खिलाफ विधिसम्मत कार्रवाई के लिए कोटा थाना प्रभारी को पत्र लिखा गया है।




